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नफरत पर भारी पड़ी एकता: प्रिटोरिया के मंदिर में उत्पात के बाद एकजुट हुए 30 धार्मिक दल, दिया भाईचारे का संदेश

पीटीआई, जोहान्सबर्ग। Published by: राकेश कुमार Updated Thu, 28 May 2026 11:26 PM IST
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सार
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दक्षिण अफ्रीका के प्रिटोरिया में एक हिंदू मंदिर में उत्पात के बाद समाज में एकजुटता की मिसाल दिखी है। इस घटना के खिलाफ करीब 30 मुस्लिम, ईसाई और हिंदू संगठनों ने एक साथ आकर शांति बनाए रखने की अपील की है। स्थानीय पुलिस मामले की जांच कर रही है।
 

pretoria hindu temple vandalism interfaith solidarity
प्रिटोरिया हिंदू सेवा समाज के मंदिर में उत्पात - फोटो : @अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार

दक्षिण अफ्रीका की राजधानी प्रिटोरिया में एक हिंदू संगठन के मंदिर और कम्युनिटी हॉल में उत्पात की घटना सामने आई है। इस हरकत से पूरा समाज दुखी है। लेकिन नफरत फैलाने वाली इस कोशिश के खिलाफ सभी धर्मों के लोग एक साथ खड़े हो गए हैं। एकजुटता दिखाते हुए करीब 30 धार्मिक संगठनों ने एक साझा बयान जारी किया है। सभी ने प्रिटोरिया हिंदू सेवा समाज (पीएचएसएस) का पूरा साथ देने का वादा किया है। दरअसल, बीते सप्ताहांत कुछ शरारती तत्वों ने मंदिर की बाहरी दीवारों और कांच के दरवाजों पर कुछ नारे लिख दिए थे।


आस्था और भाईचारे पर चोट
त्शवाने के हिंदू, मुस्लिम और ईसाई संगठनों ने इस घटना की जमकर निंदा की है। उन्होंने अपने बयान में कहा कि लॉडियम के इस हिंदू मंदिर में उत्पात केवल एक समुदाय पर हमला नहीं है। यह हमारे आपसी सम्मान और शांति से रहने के तौर-तरीकों पर हमला है। पूजा करने की जगहें बहुत पवित्र होती हैं। ये जगहें प्रार्थना करने और समाज को जोड़ने के लिए होती हैं। इनका अपमान हम सबको चोट पहुंचाता है।
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इलाके में शांति बनाए रखने के लिए वार्ड पार्षद नईम पटेल ने लॉडियम में एक जरूरी बैठक बुलाई। लॉडियम का अपना एक इतिहास है। रंगभेद के दौर में ग्रुप एरिया एक्ट के तहत भारतीय मूल के लोगों को पूरे शहर से हटाकर इसी इलाके में बसाया गया था। इस मुश्किल दौर में भी यहां के हिंदू, मुस्लिम और ईसाई निवासियों ने अपने पैसों से इस परिसर को बनाया था। दशकों से यह जगह रंगभेद के खिलाफ आवाज उठाने वाले नेताओं के भाषणों और भारत से आने वाले कलाकारों के कार्यक्रमों का मुख्य केंद्र रही है। पीएचएसएस के अध्यक्ष संजय गोविंद ने कहा कि हमारी कई पीढ़ियां यहां एक साथ रही हैं। हम त्योहार और खुशियां मिलकर मनाते हैं। यह घटना हमारे भाईचारे को तोड़ नहीं सकती।
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सभी ने की शांति की अपील
बैठक के बाद सभी संगठनों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। बयान में कहा गया कि हम इस दुख में साथ हैं। हम इंसाफ और एकता चाहते हैं। हमें इस घटना से सीख लेनी होगी। हमें अपने घरों, स्कूलों और प्रार्थना वाली जगहों पर एक-दूसरे के धर्म का सम्मान करना सिखाना होगा। पार्षद नईम पटेल ने बताया कि देश भर के कई संगठनों से भी समर्थन के पत्र मिले हैं। यह दिखाता है कि लोग एकजुट हैं। अध्यक्ष संजय गोविंद ने कहा कि पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और मिलकर रहने की अपील की।
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