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Maharajganj News: हर-हर महादेव के जयकारे से गूंज उठा पंचमुखी इटहियां मंदिर
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ठूठीबारी। पुरुषोत्तम मास के आखिरी सोमवार को शिव भक्त घर में सुख शांति पुण्य जनकल्याण की कामना को लेकर पंचमुखी भगवान भोलेनाथ को जलाभिषेक किया। इस दौरान हर-हर महादेव के जयकारे से पूरा मंदिर परिसर गूंज उठा।
ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के इटहियां स्थित मिनी बाबा धाम के नाम से प्रख्यात पंचमुखी शिव मंदिर में पुरुषोत्तम मास के आखिरी सोमवार होने की वजह से सोमवार की भोर में ही भगवान भोलेनाथ के दरबार में क्षेत्र समेत नेपाल के भारी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। जल चढ़ाने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगा रहा। मंदिर के पुजारी ध्यान गीरी भगवान पंचमुखी भोलेनाथ को सर्वप्रथम जलाभिषेक आरती किया। उसके बाद कतार में खडे़ श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। इस दौरान शिव भक्तों की हर-हर महादेव, बोल बम के जयकारे से गूंज उठा।
मंदिर के पुजारी ध्यान गीरी ने बताया की पुरुषोत्तम मास (अधिकमास) का अंतिम सोमवार भगवान विष्णु और शिवजी की कृपा प्राप्त करने का अत्यंत पवित्र और दुर्लभ अवसर होता है। इसे मलमास का अंतिम सोमवार भी कहा जाता है। इस दिन व्रत, पूजा और दान करने से पूरे महीने की साधना का अनंत गुना फल प्राप्त होता है।
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ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के इटहियां स्थित मिनी बाबा धाम के नाम से प्रख्यात पंचमुखी शिव मंदिर में पुरुषोत्तम मास के आखिरी सोमवार होने की वजह से सोमवार की भोर में ही भगवान भोलेनाथ के दरबार में क्षेत्र समेत नेपाल के भारी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। जल चढ़ाने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगा रहा। मंदिर के पुजारी ध्यान गीरी भगवान पंचमुखी भोलेनाथ को सर्वप्रथम जलाभिषेक आरती किया। उसके बाद कतार में खडे़ श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। इस दौरान शिव भक्तों की हर-हर महादेव, बोल बम के जयकारे से गूंज उठा।
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मंदिर के पुजारी ध्यान गीरी ने बताया की पुरुषोत्तम मास (अधिकमास) का अंतिम सोमवार भगवान विष्णु और शिवजी की कृपा प्राप्त करने का अत्यंत पवित्र और दुर्लभ अवसर होता है। इसे मलमास का अंतिम सोमवार भी कहा जाता है। इस दिन व्रत, पूजा और दान करने से पूरे महीने की साधना का अनंत गुना फल प्राप्त होता है।