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Shimla News: डुम्मी से संजौली अगले सप्ताह पहुंचेगा सतलुज का पानी, नहीं रहेगा जलसंकट
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पिछले सप्ताह ही दो किलोमीटर खड़ी राइजिंग मैन में दवाडा से डुम्मी तक पहुंचाया गया है पानी
कम वोल्टेज पर मशीनों की टेस्टिंग का चल रहा काम
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। डुम्मी से संजौली के लिए अगले सप्ताह तक राइजिंग मैन में सतलुज का पानी पहुंचाया जा सकता है। इसको लेकर कंपनी ने अपने स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं। मशीनों का लो वोल्टेज में टेस्टिंग का काम शुरू हो गया है। इसके बाद हाई वोल्टेज पर यह टेस्टिंग की जाएगी। सतलुज पेयजल परियोजना में पिछले सप्ताह ही दो किलोमीटर खड़ी राइजिंग मैन में दवाडा से डुम्मी तक पानी पहुंचाया गया है। ऐसे में उम्मीद है कि अब गर्मियों में लोगों को जलसंकट का सामना नहीं करना पड़ेगा। कंपनी का दावा है कि सतलुज पेयजल परियोजना से शहर के लिए करीब 10 एमएलडी पानी शुरुआती चरण में पहुंचाया जाएगा। इससे पहले तमाम टेस्टिंग यहां पर पूरी की जा रही हैं। इससे आने वाले दिनों में लोगों को स्वच्छ पानी मिल सकेगा। अभी शहर में करीब पांच पेयजल योजनाओं से पानी की आपूर्ति की जा रही है। इन परियोजना से करीब 44 से 45 एमएलडी पानी आता है। अगर किसी परियोजना में तकनीकी खराबी आती है तो शहर में दिक्कतें बढ़ जाती हैं। इस कारण लोगों को टैंकरों और प्राकृतिक स़्रोतों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ता है। इससे न केवल उन्हें परेशानी पेश आती है, बल्कि स्वास्थ्य पर भी बुरा प्रभाव पड़ता है।
इनसेट
कंपनी का दावा, अगले 100 साल तक नहीं होगा जलसंकट
सतलुज पेयजल परियोजना के तहत करीब 60 एमएलडी पानी की सप्लाई मिलनी है। कंपनी का दावा है कि इतनी मात्रा में पानी की सप्लाई आने के बाद आगामी सौ साल तक लोगों को पानी की कमी से नहीं जूझना पड़ेगा। अभी पांच परियोजनाओं से शहर को पानी की सप्लाई आती है। सतलुज पेयजल परियोजना से तो इन पांच स्कीमों से आने वाले पानी से ज्यादा सप्लाई उपलब्ध करवाई जाएगी।
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कम वोल्टेज पर मशीनों की टेस्टिंग का चल रहा काम
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। डुम्मी से संजौली के लिए अगले सप्ताह तक राइजिंग मैन में सतलुज का पानी पहुंचाया जा सकता है। इसको लेकर कंपनी ने अपने स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं। मशीनों का लो वोल्टेज में टेस्टिंग का काम शुरू हो गया है। इसके बाद हाई वोल्टेज पर यह टेस्टिंग की जाएगी। सतलुज पेयजल परियोजना में पिछले सप्ताह ही दो किलोमीटर खड़ी राइजिंग मैन में दवाडा से डुम्मी तक पानी पहुंचाया गया है। ऐसे में उम्मीद है कि अब गर्मियों में लोगों को जलसंकट का सामना नहीं करना पड़ेगा। कंपनी का दावा है कि सतलुज पेयजल परियोजना से शहर के लिए करीब 10 एमएलडी पानी शुरुआती चरण में पहुंचाया जाएगा। इससे पहले तमाम टेस्टिंग यहां पर पूरी की जा रही हैं। इससे आने वाले दिनों में लोगों को स्वच्छ पानी मिल सकेगा। अभी शहर में करीब पांच पेयजल योजनाओं से पानी की आपूर्ति की जा रही है। इन परियोजना से करीब 44 से 45 एमएलडी पानी आता है। अगर किसी परियोजना में तकनीकी खराबी आती है तो शहर में दिक्कतें बढ़ जाती हैं। इस कारण लोगों को टैंकरों और प्राकृतिक स़्रोतों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ता है। इससे न केवल उन्हें परेशानी पेश आती है, बल्कि स्वास्थ्य पर भी बुरा प्रभाव पड़ता है।
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कंपनी का दावा, अगले 100 साल तक नहीं होगा जलसंकट
सतलुज पेयजल परियोजना के तहत करीब 60 एमएलडी पानी की सप्लाई मिलनी है। कंपनी का दावा है कि इतनी मात्रा में पानी की सप्लाई आने के बाद आगामी सौ साल तक लोगों को पानी की कमी से नहीं जूझना पड़ेगा। अभी पांच परियोजनाओं से शहर को पानी की सप्लाई आती है। सतलुज पेयजल परियोजना से तो इन पांच स्कीमों से आने वाले पानी से ज्यादा सप्लाई उपलब्ध करवाई जाएगी।
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