पॉलीटेक्निक: एप्लाइड मैथ्स का भी पेपर निरस्त, प्रिंसिपल सहित दो हिरासत में
पेपर लीक होने के बाद प्राविधिक शिक्षा परिषद ने पॉलीटेक्निक प्रथम वर्ष की एप्लाइड मैथ्स की परीक्षा निरस्त कर दी है। यह परीक्षा सोमवार को होनी थी। इससे पहले, एप्लाइड फिजिक्स की परीक्षा भी रद्द की जा चुकी है।
पुलिस ने मथुरा के एडीफाई पॉलीटेक्निक संस्थान के प्रिंसिपल सुशील कुमार गुप्ता और सहायक परीक्षा केंद्र प्रभारी हृदेश सोलंकी को हिरासत में लिया है। वहीं परीक्षा केंद्र के स्थायी पर्यवेक्षक आरपी शुक्ला को लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।
प्राविधिक शिक्षा परिषद के प्रमुख सचिव मुकुल सिंघल ने शनिवार को बताया कि शुक्रवार रात मथुरा के शहजादपुर पौडी फराह स्थित एडीफाई पॉलीटेक्निक संस्थान में फिजिक्स के साथ ही मैथ्स के प्रश्नपत्र का बंडल भी खुला मिला था। दोनों बंडल से एक-एक प्रश्नपत्र गायब था।
प्राविधिक शिक्षा परिषद की परीक्षा समिति की बैठक के बाद एप्लाइड मैथ्स की परीक्षा भी स्थगित कर दी गई है। परीक्षा की नई तारीख जल्द घोषित की जाएगी। प्राविधिक शिक्षा राज्य मंत्री फरीद महमूद किदवई ने दोषियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
इस तरह मिली जानकारी
सिंघल ने बताया कि शुक्रवार रात साढ़े नौ बजे मथुरा के एडीफाई पॉलीटेक्निक संस्थान के प्रिंसिपल सुशील कुमार गुप्ता ने प्राविधिक शिक्षा परिषद के सचिव एसके सिंह को फोन पर बताया कि उनके यहां के सहायक परीक्षा केंद्र प्रभारी हृदेश सोलंकी एप्लाइड मैथ्स और एप्लाइड फिजिक्स का एक-एक पेपर लेकर फरार हैं।
इस पर मथुरा के पीएमवी पॉलीटेक्निक के प्रिंसिपल एके पांडेय को जांच के लिए मौके पर भेजा गया। अपनी रिपोर्ट में उन्होंने बताया कि दोनों विषयों के प्रश्नपत्र के बंडल की सील खुली हुई थी और एक-एक पेपर भी गायब था। इसके बाद फराह थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई।
आगे की परीक्षा के लिए बदला पूरा स्टाफ
एडीफाई पॉलीटेक्निक संस्थान से दो विषयों के पेपर लीक होने के बाद आगे की परीक्षाओं के लिए पूरा स्टाफ बदल दिया गया है।
एसटीएफ कर सकती है जांच
सिंघल ने बताया कि उन्होंने गृह विभाग से बात कर पेपर लीक के दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने को कहा है। माना जा रहा है यह मामला एसटीएफ को सौंपा जा सकता है। बीते साल पीसीएस परीक्षा में पेपर लीक होने की जांच भी एसटीएफ को सौंपी गई थी।
परीक्षा संचालन की बदलेगी व्यवस्था
मौजूदा व्यवस्था में परीक्षा शुरू होने से कई दिन पहले परीक्षा केंद्र बने राजकीय और निजी संस्थानों को प्रश्नपत्रों के बंडल दे दिए जाते हैं।
ऐसे में प्रश्नपत्रों की निगरानी न होने के कारण निजी संस्थान से ही पेपर लीक कर दिए गए।
प्राविधिक शिक्षा परिषद के सचिव एसके सिंह के अनुसार अगले साल से सभी परीक्षा केंद्रों को पेपर देने के बजाय राजकीय पॉलीटेक्निक को नोडल केंद्र बनाकर परीक्षा संचालित की जाएगी। इस पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है।