जोगी नवादा की 19 साल की आरती के अंडाशय में 10 कि लो का ट्यूमर था। जिला अस्पताल आईं तो डॉक्टरों ने आपरेशन की सलाह दी। शनिवार को भर्ती हुई आरती का सोमवार को आपरेशन कर दिया गया। अब आरती बिल्कुल ठीक है। प्राइवेट अस्पतालाें में ऐसे ही आपरेशन का खर्च 20 से 50 हजार के बीच आता है। जबकि अस्पताल में एक रुपये के पर्चे के खर्च में यह आपरेशन हो गया।
असहनीय दर्द और कमजोरी से गुजर रही आरती पिछले दो साल से ट्यूमर के साथ जी रही थी। पति जोगराज ने इसके चलते उसे मायके छोड़ दिया। दादी और मां के साथ रह रही आरती ने कई अस्पताल में दिखाया, लेकिन लंबा खर्च आरती और उसके परिवार को तोड़ने लगा। आखिरकार जिला अस्पताल में दिखाने की सोची। शुक्रवार को ओपीडी में सर्जन डॉ. एमपी सिंह को दिखाया तो उन्होंने तुरंत भर्ती होने की सलाह दी। शनिवार को भर्ती हुई आरती की जांच हुई और रिपोर्ट नार्मल आने पर सोमवार को सुबह दस बजे डॉ. एमपी सिंह ने एनेस्थेटिक डॉ. दिग्विजय और नर्स निशि के सहयोग से सफल आपरेशन किया।
हारमोनल वजह से होता है ट्यूमर
डॉ. एमपी सिंह ने बताया कि इस तरह के ट्यूमर शरीर में हारमोनल बदलाव की वजह से होते हैं। हालांकि इसके अलावा भी कई अन्य वजह है। इसकी नार्मल ग्रोथ होती है, इसलिए यह एक राई के दाने के बराबर होने के बावजूद फुटबॉल की तरह भी बन जाता है। अगर इससे पेट में ही रिसाव हुआ तो जहर बन सकता है और मरीज की जान जा सकती है।