इन स्कूलों में ए और बी ग्रेड में 15% बढ़ोतरी, लर्निंग लेबल भी सुधरा
प्रदेश के शीतकालीन छुट्टियों वाले सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों का साल 2016-17 में लर्निंग लेबल (अध्ययन स्तर)15 फीसदी बढ़ गया है। ए और बी ग्रेड में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी है। पहली से आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों के वार्षिक मूल्यांकन पर सर्व शिक्षा अभियान का राज्य परियोजना कार्यालय तुलनात्मक रिपोर्ट तैयार कर रहा है।
सभी जिलों से जुटाए गए विद्यार्थियों के मूल्यांकन की इन दिनों परियोजना कार्यालय में समीक्षा की जा रही है। रिपोर्ट के प्रारंभिक चरण में साल 2015-16 के मुकाबले साल 2016-17 में विद्यार्थियों की ग्रेडिंग में बढ़ोतरी पाई गई है। पांचवीं और आठवीं कक्षा के वार्षिक परीक्षा परिणाम में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अप्रैल माह के अंत तक परियोजना कार्यालय रिपोर्ट को तैयार कर सार्वजनिक करेगा।
सरकारी स्कूलों में घटती शिक्षा की गुणवत्ता के आरोपों से जूझ रहे प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय और सर्व शिक्षा अभियान के लिए यह रिपोर्ट बड़ी राहत लेकर आई है। अभी तक तैयार की गई रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश के शीतकालीन छुट्टियों वाले जिलों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू, चंबा, किन्नौर, लाहौल स्पीति, कांगड़ा के स्कूलों में प्रेरणा और प्रयास कार्यक्र्रमों की सफलता से विद्यार्थियों की ग्रेडिंग में सुधार आया है।
हिंदी, अंग्रेजी और विज्ञान में अच्छे परिणाम
उच्च ग्रेडिंग में अधिक विद्यार्थी शामिल हुए हैं। हिंदी, अंग्रेजी और विज्ञान विषय में विद्यार्थियों ने पहले की अपेक्षा बेहतर परिणाम दर्शाए हैं। इसके अलावा पांचवीं और आठवीं कक्षा के परिणाम भी साल 2016-2017 में बेहतर रहे हैं। नए शैक्षणिक सत्र से प्रदेश के पहली से पांचवीं कक्षा के सरकारी स्कूलों में प्रेरणा प्लस और छठी से आठवीं कक्षा में प्रयास प्लस प्रोजेक्ट शुरू किया गया है।
प्रेरणा प्लस प्रोजेक्ट में पहली से पांचवीं कक्षा के बच्चों की बुनियादी शिक्षा बढ़ाने के लिए हिंदी, गणित और अंग्रेजी विषय पर विशेष काम किया जाएगा। छठी से आठवीं कक्षा के बच्चों के लिए प्रयास प्लस प्रोजेक्ट के तहत विज्ञान और गणित विषय को और अधिक रोचक बनाया जाएगा।
केंद्र ने 820 करोड़ का बजट किया है स्वीकृत
सर्व शिक्षा अभियान, राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के तहत हिमाचल को साल 2017-18 के लिए 820 करोड़ का बजट स्वीकृत हुआ है। सर्व शिक्षा अभियान के लिए 460 करोड़ और राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के लिए 360 करोड़ का बजट स्वीकृत हुआ है। गुणात्मक शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार ने हिमाचल को यह बजट जारी किया है।
ग्रेडिंग बढ़ाने के प्रयास लगातार जारी
पहली से आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लर्निंग लेबल में बढ़ोतरी करने के लिए प्रेरणा और प्रयास कार्यक्रम स्कूलों में चलाए जा रहे हैं। शीतकालीन स्कूलों के मूल्यांकन पर रिपोर्ट तैयार की जा रही है। अभी तक जुटाए गए आंकड़ों के मुताबिक साल 2015-16 के मुकाबले 2016-17 में अधिक विद्यार्थियों ने बेहतर ग्रेड प्राप्त किए हैं। ए और बी ग्रेड में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी है। -घनश्याम चंद, राज्य परियोजना निदेशक सर्व शिक्षा अभियान