{"_id":"57e942eb4f1c1bbb6f573c59","slug":"naac-team-to-visit-jammu-tommorow","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जम्मू विश्वविद्यालय के दौरे पर नैक टीम","category":{"title":"Campus","title_hn":"कैंपस ","slug":"campus"}}
जम्मू विश्वविद्यालय के दौरे पर नैक टीम
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Tue, 04 Oct 2016 02:06 PM IST
विज्ञापन
Jammu University
- फोटो : Amar Ujala
विज्ञापन
जम्मू विश्वविद्यालय (जेयू) में मंगलवार से नेशनल असेसमेंट एंड एक्रिडेशन काउंसिल (एनएएसी) नैक की टीम चार दिवसीय दौरे (27 से 30 सितंबर) पर आ रही है। टीम में ग्यारह सदस्यों में विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रोफेसर, पूर्व कुलपति, डीन व अकादमिक स्तर के अधिकारी शामिल हैं।
एक्रिडेशन साइकिल (तीन) के लिए जेयू में आ रही टीम का नेतृत्व गोवा विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. दियोबागकर (चेयरपर्सन) करेंगे। टीम जेयू द्वारा दी गई प्रीनैक रिपोर्ट पर ढांचे, दस्तावेजों सहित अन्य पहलुओं को परखेगी।
जेयू के सभी 36 विभागों का दौरा करने के बाद नैक टीम की रिपोर्ट के आधार पर यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) की ओर से आगामी एक्रिडेशन दी जाएगी। जेयू में सात वर्ष बाद नैक टीम आ रही है।
Trending Videos
एक्रिडेशन साइकिल (तीन) के लिए जेयू में आ रही टीम का नेतृत्व गोवा विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. दियोबागकर (चेयरपर्सन) करेंगे। टीम जेयू द्वारा दी गई प्रीनैक रिपोर्ट पर ढांचे, दस्तावेजों सहित अन्य पहलुओं को परखेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
जेयू के सभी 36 विभागों का दौरा करने के बाद नैक टीम की रिपोर्ट के आधार पर यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) की ओर से आगामी एक्रिडेशन दी जाएगी। जेयू में सात वर्ष बाद नैक टीम आ रही है।
जम्मू विवि को मिल चुका है ए ग्रेड
jammu university
- फोटो : File Photo
यूजीसी की ओर से नैक को वर्ष 1994 में स्वतंत्र रूप से स्थापित किया गया था। जम्मू विश्वविद्यालय में वर्ष 2009 में रिअसेसमेंट और रिएक्रिडेशन (साइकिल दो) में नैक टीम ने दौरा करके जेयू को ए ग्रेड की मान्यता दी थी।
इस बार भी नैक टीम के समक्ष बेहतर साबित करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से ढेर सारी तैयारियां की गई हैं। सभी विभागों के आला अधिकारियों और अन्य जरूरी स्टाफ को अगले चार दिन में कोई छुट्टी नहीं दी गई है।
करीब पांच माह पूर्व जेयू की अपनी प्री नैक टीम ने जांच करके रिपोर्ट सौंपी थी। नैक टीम विश्वविद्यालय के सभी विभागों के कामकाज की समीक्षा करेगी। अमूमन पांच साल बाद नैक टीम विवि के कामकाज का जायजा लेने आती है, लेकिन जेयू में सात वर्ष बाद टीम आ रही है।
इस बार भी नैक टीम के समक्ष बेहतर साबित करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से ढेर सारी तैयारियां की गई हैं। सभी विभागों के आला अधिकारियों और अन्य जरूरी स्टाफ को अगले चार दिन में कोई छुट्टी नहीं दी गई है।
करीब पांच माह पूर्व जेयू की अपनी प्री नैक टीम ने जांच करके रिपोर्ट सौंपी थी। नैक टीम विश्वविद्यालय के सभी विभागों के कामकाज की समीक्षा करेगी। अमूमन पांच साल बाद नैक टीम विवि के कामकाज का जायजा लेने आती है, लेकिन जेयू में सात वर्ष बाद टीम आ रही है।
ये सदस्य होंगे नैक टीम में
NAAC
- फोटो : File Photo
तमिलनाडु डा. अंबेडडर लॉ विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. वी विजया कुमार (सदस्य कोआर्डिनेटर), महात्मा गांधी विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. कट्टा नरसिम्हा रेड्डी, इंग्लिश एंड फारेन लैंग्वेज, गांधीग्राम रूरल इंस्टीट्यूट के पूर्व डीन फैकल्टी प्रो. ए जोसफ डोराराज, गुरु नानक देव विश्वविद्यालय से प्रोफेसर डा. रेणु भारद्वाज, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से फैकल्टी आफ कामर्स के प्रोफेसर हेड व डीन प्रो. एआर त्रिपाठी, तमिलनाडु इंजीनियरिंग एडमिशन, गवर्नमेंट आफ तमिलनाडु व पूर्व निदेशक रमनउजान, कंप्यूटर सेंटर अन्ना यूनिवर्सिटी के डा. वी रायमंद उठारियाराज, उत्तराखंड ओपन विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नागेश्वर, बरहामपुर विश्वविद्यालय से प्रो. अपराजिता चौधरी, द महाराजा सायाजीरायो यूनिवर्सिटी आफ बड़ौदा से प्रो. कृष्णा चंद्र और डा. के रामा (नैक) शामिल हैं।