बेटे पर हो रहा था चाकू से हमला दौड़ कर आई मां, उसका भी कत्ल
पालम गांव इलाके के राजनगर में मंगलवार शाम एक सिरफिरे शख्स ने मां-बेटे की चाकू गोदकर हत्या कर दी। मृतकों की शिनाख्त अंजू देवी (40) और प्रशांत चौधरी (16) के रूप में हुई है।
शोर-शराबा होने पर पड़ोसियों ने आरोपी को मौके पर ही घेर लिया तो उसने खुद को कमरे में बंद कर अपनी भी गर्दन पर चाकू मार लिया। गंभीर हालत में आरोपी श्याम चौधरी (35) को महाराजा अग्रसेन अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस की मानें तो आरोपी अंजू का पुराना किराएदार है। वह दोबारा मकान किराये पर मांग रहा था। फिलहाल हत्या के कारणों पर रहस्य बरकरार है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों से पूछताछ कर मामले की छानबीन की जा रही है।
श्याम सिंह चाकू लेकर अंजू के घर पहुंचा
पुलिस के मुताबिक, अंजू परिवार के साथ आरजेड-जी-682 राजनगर पार्ट-2 में 50 गज के मकान में रहती थी। परिवार में पति रमनजी चौधरी, बेटा प्रशांत चौधरी और बेटी मानसी चौधरी थे।
रमनजी का नेहरू प्लेस में कंप्यूटर का काम है। वहीं बेटी जयपुर से इंजीनियरिंग कर रही है। प्रशांत डीएवी स्कूल में 11वीं कक्षा में पढ़ रहा था। मंगलवार करीब 4.15 बजे पूर्व किराएदार श्याम सिंह रसोई में इस्तेमाल किए जाने वाला चाकू लेकर अंजू के घर पहुंचा।
पहली मंजिल पर मौजूद प्रशांत ने जैसे ही दरवाजा खोला, श्याम ने उस पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। बेटे के चिल्लाने की आवाज सुनकर अंजू मौके पर पहुंची और उसने बालकनी में पहुंचकर चिल्लाना शुरू कर दिया।
जब तक पड़ोसी आते आरोपी ने अंजू को भी चाकू से गोद दिया
इधर, जब तक पड़ोसी मदद को आते आरोपी ने अंजू को भी चाकू से गोद दिया। तब तक पड़ोसियों ने आरोपी को घर में ही घेर लिया। खुद को घिरता देख आरोपी ने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद लिया और खुद को भी जख्मी कर लिया।
पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर श्याम को निकाला। वहीं, कमरे में पड़े अंजू और प्रशांत को नजदीकी महाराजा अग्रसेन अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने दोनो को मृत घोषित कर दिया।
वहीं श्याम की हालत नाजुक बनी हुई है। उसने चाकू से कई वार अपने गले पर किए हुए थे। फिलहाल श्याम ने मां-बेटे की हत्या क्यों की और उसने खुद को क्यों मारा, फिलहाल पुलिस के लिए यह अभी पहेली है। पुलिस के मुताबिक हत्या का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है, आरोपी की हालत अभी गंभीर है, छानबीन के बाद ही हत्या के कारणों का पता चल पाएगा।
एक तरफा प्यार तो नहीं हत्या की वजह
अंजू और श्याम का परिवार मधुबनी बिहार का रहने वाला है। कुछ समय पूर्व श्याम अंजू के ही मकान में किराए पर रहता था। बाद में रमनजी ने उससे मकान खाली करा लिया। इसके बाद श्याम अपनी पत्नी व बच्चों को लेकर उत्तम नगर में रहने लगा।
इधर, कुछ दिनों से श्याम दोबारा रमन से किराए पर मकान मांग रहा था। लेकिन, रमन ने उसे मकान देने से मना कर दिया था। मामले की छानबीन कर रहे एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्रेम प्रसंग समेत अन्य दृष्टिकोणों से मामले की जांच की जा रही है।
हालांकि, पड़ोसी दबी जुबान में बता रहे थे कि श्याम अंजू पर बुरी नजर रखता था। इसी वजह से उससे मकान भी खाली कराया गया था। पुलिस दोनों के परिजनों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
दोहरे हत्याकांड से इलाके में दहशत
राजनगर में हुए दोहरे हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में दहशत है। जिसने भी हत्याकांड के बारे में सुना वह घटनास्थल पर दौड़ा चला आया। भीड़ को देखते हुए मौके पर पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
हर किसी की जुबान पर बस हत्याकांड के चर्चे थे। जिला पुलिस उपायुक्त और संयुक्त आयुक्त भी हत्याकांड के बाद मौके पर पहुंचे। रमनजी चौधरी के छोटे भाई सुमन ने बताया कि उसे रिश्तेदार ने फोन कर वारदात की जानकारी दी।
घटना के बाद पूरे परिवार में मातम का माहौल है। रमनजी चौधरी का रोते-रोते बुरा हाल है। रमन के तीन भाई पालम, बदरपुर और नोएडा में रहते हैं। खबर सुनते ही पूरा परिवार उसके घर पहुंच गया।