डॉक्टरों की सैलेरी बढ़ी, यह होगी नई सैलेरी...
उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में चिकित्सकों की कमी को दूर करने के लिए स्पेशलिस्ट डॉक्टरों का मानदेय बढ़ेगा।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत केंद्र ने इस वर्ष से राज्य में पीडियाट्रिशियन, एनेसथेटिक और गाइनोक्लोजिस्ट का मानदेय 75 हजार रुपए मासिक देने पर सैद्धांतिक सहमति प्रदान की है।
राज्य सरकार के मानदेय में अनुबंध पर रखे विशेषज्ञों के लिए 50 से 60 हजार रुपए मानदेय का प्रावधान है।
स्पेशलिस्ट चिकित्सकों के लिए आकर्षक पैकेज
स्वास्थ्य विभाग ने वित्तीय वर्ष 2014-15 के प्रोजेक्ट इम्पलेमेंटशन प्लान (पीआईपी) में स्पेशलिस्ट चिकित्सकों के लिए आकर्षक पैकेज का प्रावधान रखा।
जिस पर14 जुलाई को केंद्र से हुई बैठक में स्वीकृति मिली है। उधर राज्य सरकार ने वर्ष 2012 में अनुबंध चिकित्सकों के वेतन में वृद्धि की थी।
सुगम, दुर्गम और अतिदुर्गम में तैनात होने वालों के लिए अलग अलग मानदेय का प्रावधान है। नियमित चिकित्सकों के वेतन समान अनुबंध वाले चिकित्सकों का मानदेय करने के बावजूद विभाग को विशेषज्ञ चिकित्सक नहीं मिल रहे।
मिशन के तहत विशेषज्ञों के मानदेय में होने वाली बढ़ोतरी वेतन से भी अधिक है।
स्वास्थ्य संकेतक सुधारने पर जोर
पेडिट्रिशियन, गाइनोक्लोजिस्ट और एनसथिसिया विशेषज्ञ उन क्षेत्रों में तैनात किये जाने हैं जहां संस्थागत प्रसव की सुविधा कमजोर है।
पौडी, हरिद्वार, टिहरी, पिथौरागढ़ जैसे संवेदनशील जनपद में स्वास्थ्य संकेतकों को सुधारा जा सकेगा। विशेषज्ञों को तैनात करने के साथ वहां मौजूद स्वास्थ्य केंद्रों का आधारभूत ढांचा भी सुधरेगा।
बनेंगे 38 नए डिलीवरी प्वाइंट
जच्चा बच्चा सेहत पर मिशन का सर्वाधिक फोकस रहेगा, जिसके लिए 38 नए डिलवरी प्वाइंट बनाए जाने हैं। यहां 108 आपात सेवा को सुदृढ़ किया जा रहा है।
डिलीवरी प्लाइंट विस्तारीकरण के लिए पीपीपी में संचालित 108 सेवा के लिए 18 नए वाहन शामिल किये जाएंगे।
(नोटः इस खबर से संबंधित किसी भी सुझाव या सवाल के लिए मेल आईडी-aruneshp@ddn.amarujala.com और इस नंबर- 9675812459 पर संपर्क कर सकते हैं।)

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