बेकाबू ट्रक ने पहले कार फिर बाइक को रौंदा, पांच की मौत
पिरान कलियर के पुस हरिद्वार रोड पर कोर कॉलेज के सामने बेकाबू हुए ट्रक की चपेट में आकर पाच लोगों की मौत हो गई। ट्रक ने पहले कार को टक्कर मारी इसके बाद बाइक पर जा रहे दंपति को कुचल दिया।
इस तरह हादसे में पांच लोगों की तो मौत मौके पर ही हो गई जबकि एक व्यक्ति की हालत गंभीर बनी हुई है। पुलिस और कोर कॉलेज के छात्रों ने कार में फंसे लोगों को मशक्कत के बाद बाहर निकाला जिससे हाईवे पर आधा घंटे जाम की स्थिति रही।
सोमवार को मेरठ से एक कार में सवार होकर महिला समेत चार लोग शिवालिक नगर (हरिद्वार) जा रहे थे। जैसे ही कार हरिद्वार हाईवे पर कोर कॉलेज के सामने पहुंची तो सामने से आ रहे एक ट्रक का एक्सल टूट गया, जिससे ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क के दूसरी ओर से आ रही कार से टकरा गया।
बाइक सवार पति-पत्नी आ गए ट्रक के नीचे
हादसे में कार सवार नीरज उर्फ बिट्टू (38) पुत्र ओमबीर निवासी पटेलनगर देहरादून, अरुण (40) पुत्र सतपाल निवासी ग्राम मंसूरी थाना मेरठ यूपी और शीला (70) पत्नी रामपाल निवासी पार्क रोड, रोज मोंट स्कूल के पास सिद्धार्थ पैलेस के सामने देहरादून की मौके पर ही मौत हो गई। कार सवार शीला के पति रामपाल गंभीर घायल हो गए।
इसके बाद अनियंत्रित ट्रक ने बगल से गुजर रही एक बाइक को भी अपनी चपेट में ले लिया। जिसमें बाइक सवार भूरा (42) पुत्र अलीशेर और उसकी पत्नी आसमा (37) निवासी बढे़डी राजपुताना की मौके पर ही मौत हो गई। यह दोनों रुड़की से सामान लेकर अपने गांव लौट रहे थे।
हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस मौके पर पहुंची और बड़ी मशक्कत के बाद कार और ट्रक के नीचे फंसे लोगों को बाहर निकाला।
इस दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और करीब आधे घंटे हाईवे पर जाम लगा रहा। घायल रामपाल को इलाज के लिए देहरादून रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।
हादसा देखने वालों के खड़े हो गए रोंगटे
कोर कॉलेज के सामने जिसने भी हादसा देखा उसके रोंगटे खड़े हो गए। आसपास के लोगों का साथ लेकर कोर कॉलेज के छात्रों ने तिरछे ट्रक को सीधा कर उसके नीचे फंसे बाइक सवार दंपति के शव बाहर निकाले जबकि कार में फंसे शवों और घायल व्यक्ति को पुलिस की मदद से बाहर निकाला गया।
सिविल लाइंस कोतवाली प्रभारी बीडी उनियाल ने बताया कि हादसा ट्रक का एक्सल टूटने से हुआ। हादसा देख बढ़ेडी निवासी साजिद और उसके साथी फुरकान ने कोर कॉलेज के छात्रों की मदद से तिरछे ट्रक को सीधा किया जिसके बाद उसके नीचे फंसे बाइक सवार भूरा व उसकी पत्नी आसमा को बाहर निकाला। हालांकि तब तक काफी देर हो चुकी थी। दोनों की ही मौत हो चुकी थी।
भूरा का क्षत-विक्षत शव देख लोगों की चीख निकल गई। जबकि क्षतिग्रस्त हुई कार से छात्रों और पुलिस ने घायल रामपाल और तीनों मृतकों के शवों को बाहर निकाला। हादसे के बाद सीओ सदर राजेश भट्ट के अलावा बहादराबाद और रुड़की पुलिस भी मौजूद रही।