लखनऊ के जालसाजों ने नीट में नाकाम आंध्रप्रदेश के मल्टी नेशनल कंपनी के दो अफसरों की बेटियों को एमबीबीएस में दाखिले का झांसा देकर 62 लाख रुपये ठग लिए। जालसाजों ने दोनों अभिभावकों को यकीन दिलाने के लिए कानपुर के गणेश शंकर विद्यार्थी मेडिकल कॉलेज (जीएसवीएमसी) ले गए। मूल प्रमाणपत्र व रुपये लेने के बाद महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा का फर्जी आदेश और फर्जी रसीदें थमा दीं।
ठगे जाने का पता चलने पर दोनों अभिभावकों ने ठग राकेश गुप्ता व सौरभ कृष्ण उपाध्याय उर्फ एसके व एक अन्य के खिलाफ केस दर्ज कराया है। इंस्पेक्टर आनंद कुमार शाही के मुताबिक लखनऊ से राकेश गुप्ता नामक शख्स ने पिछले साल अगस्त में आंध्रप्रदेश के जिला काकीनाणा में एक मल्टी नेशनल कंपनी के अफसर आर. चक्रपाणि को फोन किया।
नीट में नाकाम रहने वालों को एमसीआई के माध्यम से सेंट्रल पूल कोटा की सीट दिलाने की बात कहकर झांसे में लिया। चक्रपाणि ने साथ में काम करने वाले अपने दोस्त अरुण गुप्ता को बताई तो उन्होंने भी अपनी बेटी को सीट दिलाने के लिए बात चलाई। राकेश ने दोनों को पिछले साल 5 सितंबर को तेलीबाग की वृंदावन कॉलोनी में सौरभ कृष्ण उपाध्याय उर्फ एसके के ऑफिस में बुलाया। एसके उपाध्याय ने दोनों अभिभावकों से उसने 60 लाख और राकेश गुप्ता ने दो लाख रुपये लिए थे।