सरयू के कछार में स्थित बसौना गांव में शनिवार रात घर के बाहर हैंडपंप पर हाथ धो रही एक मासूम को तेंदुए ने दबोच लिया। मासूम की मां के शोर मचाने पर परिवारीजन व ग्रामीण दौड़े लेकिन तब तक तेंदुआ उसे गन्ने के खेतों में घसीट ले गया। ग्रामीणों ने पूरी रात खोजबीन की।
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सुबह वन विभाग की कांबिंग के दौरान बालिका के शरीर के टुकड़े आधा किलोमीटर दूर खेत में मिले। पदचिन्हों के आधार पर वन विभाग ने तेंदुए के हमले की पुष्टि की है। उसे पकड़ने के लिए तीन टीमें कांबिंग में लगाई गईं।
कछार में छह माह के दौरान कई बार तेंदुआ आबादी में पहुंचा है। शनिवार रात करीब 10 बजे रामगांव थानान्तर्गत बसौना गांव निवासी मदन मौर्या की छह वर्षीय बेटी शिवानी के पेट में दर्ज हो रहा था। मां उसे खेत ले गई थी। लौटकर शिवानी घर के सामने हैंडपंप पर हाथ धो रही थी। उसकी मां बरामदे में चली गई।
इसी दौरान हैंडपंप से कुछ दूर झाड़ियों में छिपे बैठे तेंदुए ने झपट्टा मारकर शिवानी को दबोच लिया। चीख सुनकर मां ने देखा तो मासूम को तेंदुआ जबड़े में जकड़ चुका था।
ग्रामीण दौड़े पर भाग चुका था तेंदुआ
तेंदुए के पैरों के निशान
- फोटो : amar ujala
शोर सुनकर परिवारीजन व ग्रामीण दौड़े लेकिन तब तक तेंदुआ बालिका को घसीटते हुए गन्ने के खेत में घुस गया। गांव के लोग हाका लगाते हुए रात भर खेतों को खंगालते रहे लेकिन शिवानी का पता नहीं लग सका। तेंदुआ भी नहीं दिखा।
कई स्थानों पर खून बिखरा मिला। सुबह सूचना पर वन क्षेत्राधिकारी रुस्तम परवेज, वन दरोगा दीपक सिंह अन्य कर्मियों के साथ गांव पहुंचे। कांबिंग शुरू की गई। गांव से आधा किलोमीटर दूर गन्ने के खेत में मासूम के शरीर के टुकड़े मिले। उसे पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि पदचिन्हों से तेंदुए के हमले की पुष्टि हुई है। उसे पकड़ने की कोशिश की जा रही है। उधर मासूम की मौत से परिवार कोहराम मचा है।
पीड़ित परिवार को मिलेगा मुआवजा
मासूम को तेंदुए द्वारा निवाला बनाए जाने की सूचना पर एसडीएम महसी एसपी शुक्ला व सीओ अखंड प्रताप सिंह ने घटनास्थल का मुआयना किया। उन्होंने कहा कि शरीर के अवशेष को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। वन विभाग की ओर से पांच लाख रुपये मुआवजा पीड़ित परिवार को दिलाया जाएगा।