एप डाउनलोड करें
विज्ञापन

जन अदालत में ग्रामीण को सुनाई मौत की सजा

गया/ब्यूरो Updated Mon, 07 Jan 2013 10:22 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

नक्सलियों ने मुखबिरी के शक में मांडर गांव के जानकी दास यादव और औरवांटांड के श्रवण दास को अगवा कर अपनी जन अदालत में पेश किया। इसमें जानकी दास को मौत की सजा सुनाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


सजा सुनाने के बाद अदालत में ही लाठी से पीटकर हत्या कर दी गई। जबकि श्रवण दास को मुक्त कर दिया गया। गया जिले के डुमरिया थाना क्षेत्र में शुक्रवार की रात करीब आठ बजे दो मोटरसाइकिल से पांच माओवादी मांडर गांव के जानकी यादव के घर पहुंचे और हथियार का भय दिखाकर अगवा कर जंगल में ले गए।

उसी रात औरवांटांड गांव के श्रवण दास को भी अगवा किया गया। दोनों को शनिवार की रात पननवांटांड जंगल में लगाई गई जन अदालत में पेश किया गया। इसमें माओवादिओं ने जानकी यादव को लाठी से पीट-पीटकर हत्या करने की सजा सुनाई।
विज्ञापन


मारने के बाद माओवादिओं ने शव को मांडर गांव के समीप लाकर फेंक दिया। श्रवण दास से पूछताछ की गई, इसके बाद उसे मुक्त कर दिया गया। ऐसे पुलिस को सूचना है कि श्रवण दास माओवादिओं के चंगुल से भागकर कोठी थाना क्षेत्र में चला गया।

विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें